लुधियाना के जगराओं में एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां एक ही परिवार के सात लोगों में रेबीज जैसे गंभीर लक्षण दिखाई देने के बाद उन्हें तुरंत सिविल अस्पताल जगराओं लाया गया। डॉक्टरों ने हालत नाजुक देखते हुए सभी को PGI चंडीगढ़ रेफर कर दिया।
जानकारी के मुताबिक, करीब एक साल पहले परिवार के एक सदस्य को कुत्ते ने काटा था, लेकिन उस समय एंटी-रेबीज इंजेक्शन नहीं लगवाया गया। घाव भरने के बाद परिवार ने इसे नजरअंदाज कर दिया। अब कुछ दिनों से पूरे परिवार में रेबीज के लक्षण सामने आने लगे, जिसके बाद वे अस्पताल पहुंचे।
सभी PGI चंडीगढ़ रेफर
सिविल अस्पताल जगराओं की एसएमओ डॉ. गुरविंदर कौर ने मामले की पुष्टि करते हुए बताया कि सातों मरीजों की हालत गंभीर थी, इसलिए बिना देरी किए उन्हें PGI चंडीगढ़ भेजा गया। फिलहाल उनकी रिपोर्ट नेगेटिव आई है, हालांकि डॉक्टरों का कहना है कि पुख्ता पुष्टि जांच के बाद ही हो पाएगी।
यह परिवार जगराओं के शेरपुरा चौक के पास रहता है। परिवार में फैक्ट्री में काम करने वाला मुखिया, उसकी पत्नी, तीन बच्चे और उसकी साली के दो बच्चे शामिल हैं। साली के बच्चे भी पिछले एक साल से इसी परिवार के साथ रह रहे थे।
डॉ. गुरविंदर कौर के अनुसार, संभव है कि जिस सदस्य को पहले कुत्ते ने काटा था, उसी से संक्रमण फैला हो। मरीजों को जब अस्पताल लाया गया तो उनके मुंह से अत्यधिक लार निकल रही थी और वे ठीक से बोल नहीं पा रहे थे, जो रेबीज के प्रमुख लक्षण माने जाते हैं।