ख़बरिस्तान नेटवर्क : जालंधर के मशहूर मैरिटन होटल में पार्टनरों के बीच हुई हिंसक झड़प का मामला अब और गरमा गया है। होटल के मुख्य पार्टनर डॉ. परमजीत सिंह मरवाहा ने मीडिया के सामने अपना पक्ष रखा और दूसरे पक्ष पर गंभीर आरोप लगाए। डॉ. मरवाहा ने बताया कि यह पूरी लड़ाई केवल ‘धक्केशाही’ और वर्चस्व कायम करने को लेकर हुई है।
5 फीसदी की हिस्सेदारी वाले कर रहे हैं गुंडागर्दी
डॉ. मरवाहा ने स्पष्ट किया कि होटल में कुल 6 पार्टनर हैं, जिनमें से 80 प्रतिशत हिस्सेदारी उनकी अपनी है। उन्होंने आरोप लगाया कि महज 5 प्रतिशत हिस्सेदारी रखने वाले पार्टनर होटल पर अपना हुक्म चलाना चाहते हैं। होटल दिन-ब-दिन तरक्की कर रहा है, लेकिन कुछ पार्टनर अवैध डिमांड रख रहे हैं और अपनी मर्जी से सिस्टम चलाना चाहते हैं, जो हमें मंजूर नहीं है।
शराब फेंकने और जान से मारने की धमकी के आरोप
पीड़ित डॉ. मरवाहा ने बताया कि विवाद उस समय शुरू हुआ जब वह होटल में कामकाज की चेकिंग करने पहुंचे थे। आरोप है कि पार्टनर दुआ के भाई गुलशन दुआ ने उन पर शराब फेंकी और लिफ्ट में घुसकर अपशब्द कहे। 8 से 10 लोगों ने उन्हें और उनके बेटे को घेर लिया, उनकी पगड़ियां उतारीं और बेरहमी से मारपीट की। इस हमले में उनके बेटे के कान से खून तक बहने लगा, जिसे अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा।
प्रशासन और श्री अकाल तख्त साहिब से न्याय की गुहार
डॉ. मरवाहा ने कहा कि बैंक में भी उनके खिलाफ झूठी शिकायतें दी गई थीं, लेकिन बैंक ने उन्हें खारिज कर दिया। अब इस मामले को लेकर सिख जत्थेबंदियों में भारी रोष है। डॉ. मरवाहा ने थाना रामामंडी पुलिस और श्री अकाल तख्त साहिब में लिखित शिकायत दर्ज करवाई है। उन्होंने प्रशासन से सुरक्षा की मांग करते हुए कहा कि अगर उन्हें या उनके परिवार को कुछ होता है, तो इसके जिम्मेदार दुआ और गुलशन होंगे।