अमेरिका, इजराइल और ईरान के बीच जारी युद्ध शनिवार को आठवें दिन में पहुंच गया है। इस बीच ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियन ने बड़ा बयान देते हुए कहा कि ईरान अब पड़ोसी देशों पर हमले नहीं करेगा, जब तक उनकी जमीन से ईरान पर कोई हमला नहीं होता। उन्होंने पिछले दिनों पड़ोसी देशों पर हुए हमलों के लिए माफी भी मांगी और कहा कि ईरान क्षेत्र में तनाव बढ़ाना नहीं चाहता।
हालांकि इस बयान के कुछ ही देर बाद कतर की राजधानी दोहा में एक धमाके की खबर सामने आई, जिससे क्षेत्र में तनाव और बढ़ गया। 28 फरवरी से शुरू हुए इस युद्ध में अब तक ईरान इजराइल समेत मिडिल ईस्ट के 13 देशों को निशाना बना चुका है।
आज रात ईरान में होगा सबसे बड़ा हमला
इधर अमेरिका के वित्त मंत्री स्कॉट बेसेंट ने फॉक्स न्यूज से बातचीत में कहा कि अमेरिका और इजराइल आज रात ईरान पर अब तक का सबसे बड़ा हमला करने की तैयारी में हैं। उन्होंने बताया कि इस हमले का मुख्य लक्ष्य ईरान के मिसाइल लॉन्चर और मिसाइल बनाने वाली फैक्ट्रियों को नष्ट करना होगा।
दुबई इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर धमाका
इस बीच दुबई इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर भी धमाके की खबर आई है, जिसके बाद एहतियात के तौर पर एमिरेट्स एयरलाइन ने दुबई आने-जाने वाली सभी उड़ानों को अगली सूचना तक निलंबित कर दिया है।
उधर ईरान का युद्धपोत IRIS लावन तकनीकी खराबी के कारण भारत के कोच्चि बंदरगाह पर रुका हुआ है। ईरान ने 28 फरवरी को भारत से मदद मांगी थी, जिसके बाद भारत ने 1 मार्च को जहाज को डॉक करने की अनुमति दी। जहाज 4 मार्च को कोच्चि पहुंचा और इसके 183 क्रू मेंबर फिलहाल भारतीय नौसेना की सुविधाओं में ठहरे हुए हैं।यह युद्धपोत हाल ही में भारत में हुए इंटरनेशनल फ्लीट रिव्यू 2026 और मिलान 2026 नौसैनिक अभ्यास में शामिल हुआ था।
एक हफ्ते से इंटरनेट लगभग पूरी तरह बंद
दूसरी ओर युद्ध के बीच ईरान में पिछले एक हफ्ते से इंटरनेट लगभग पूरी तरह बंद है। इंटरनेट मॉनिटरिंग संस्था नेटब्लॉक्स के मुताबिक सरकार ने देशभर में इंटरनेट ब्लैकआउट लागू किया है, ताकि जानकारी सिर्फ सरकारी मीडिया के जरिए ही लोगों तक पहुंचे।
ईरान की रेड क्रिसेंट सोसाइटी के मुताबिक 28 फरवरी से शुरू हुए हमलों में अब तक 6,668 नागरिक ठिकानों को निशाना बनाया गया है। इनमें 5,535 घर, 1,041 दुकानें, 65 स्कूल और 14 मेडिकल सेंटर शामिल हैं।
वहीं मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक ईरान ने जॉर्डन के मुवफ्फाक साल्टी एयरबेस पर लगे अमेरिका के THAAD मिसाइल डिफेंस सिस्टम के रडार को भी नष्ट कर दिया है, जिसकी कीमत करीब 300 मिलियन डॉलर (करीब 2700 करोड़ रुपये) बताई जा रही है।
उधर इजराइली सेना ने दावा किया है कि उसने तेहरान और इस्फहान में ईरान के सैन्य ठिकानों पर हमलों की नई लहर शुरू कर दी है। लगातार बढ़ते हमलों के बीच ईरान का शेयर बाजार भी अगली सूचना तक बंद कर दिया गया है।
युद्ध के बीच ईरान के राष्ट्रपति ने अमेरिका की बिना शर्त आत्मसमर्पण की मांग को खारिज करते हुए कहा कि यह एक ऐसा सपना है जिसे अमेरिका को अपने साथ कब्र तक ले जाना पड़ेगा।