पंजाब के बठिंडा जिले के मौड़ मंडी से एक दुखद खबर सामने आई है। तलवंडी-रामपुरा रोड पर गांव संदोहा के नत्त पैलेस के पास बीती रात एक तेज रफ्तार कार पेड़ों से टकरा गई। हादसा इतना भीषण था कि कार पूरी तरह चकनाचूर हो गई। वही इस हादसे में तीन युवकों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि दो अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। मृतकों की पहचान बलप्रीत सिंह (धनौला), हरप्रीत सिंह (मानसा) और गुरसिमरन सिंह (मानसा) के रूप में हुई है।
घटना के संबंध में सुखविंदर सिंह ने थाना मौड़ पुलिस को बयान दिया है। उन्होंने बताया कि उनका बेटा बलप्रीत सिंह अपने साथियों हरप्रीत सिंह, गुरसिमरन सिंह और जसनदीप सिंह के साथ रोड़ी स्थित एक नशा मुक्ति केंद्र में इलाज करवा रहा था।
सुखविंदर सिंह ने आरोप लगाया कि नशा मुक्ति केंद्र के संचालकों रणजीत सिंह उर्फ काला, अरुण कुमार और उनके साझेदारों ने युवकों को जबरदस्ती एक अन्य युवक अमनदीप सिंह को केंद्र लाने के लिए बाहर भेजा। उनका कहना है कि युवकों की मानसिक स्थिति ठीक न होने के बावजूद उन्हें बाहर भेजा गया, जिसके चलते यह हादसा हुआ।
जांच में जुटी पुलिस
पुलिस ने बताया कि शिकायत के आधार पर नशा मुक्ति केंद्र के संचालकों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया गया है और आगे की जांच जारी है। मृतकों के शवों को पोस्टमार्टम के लिए तलवंडी साबो के अस्पताल भेज दिया गया है।