मिडिल ईस्ट में जारी जंग के बीच Iran से बड़ी खबर सामने आई है। Israel की सेना ने दावा किया है कि ईरान के नए सुप्रीम लीडर Mojtaba Khamenei को निशाना बनाकर हमला किया गया, जिसमें वे गंभीर रूप से घायल हो गए हैं। हालांकि उनकी मौत की पुष्टि नहीं हुई है और बताया जा रहा है कि वे अभी जीवित हैं।
इजराइली सेना के मुताबिक, यदि मोजतबा खामेनेई औपचारिक रूप से सुप्रीम लीडर का पद संभालते हैं तो वे आगे भी इजराइल के टारगेट पर रहेंगे।दरअसल, सोमवार सुबह ही मोजतबा खामेनेई को ईरान का नया सुप्रीम लीडर घोषित किया गया था। Islamic Revolutionary Guard Corps (IRGC) के वरिष्ठ कमांडरों और देश के धार्मिक विद्वानों की मौजूदगी में उनके नाम का औपचारिक ऐलान किया गया था। हालांकि सुरक्षा कारणों से वह इस घोषणा के दौरान सार्वजनिक रूप से सामने नहीं आए थे।
रिपोर्ट्स के मुताबिक, घोषणा के कुछ ही घंटों बाद उनके ऊपर हमले की खबर सामने आ गई, जिससे पूरे ईरान में सुरक्षा एजेंसियों और धार्मिक नेतृत्व के बीच हड़कंप मच गया है।
इससे पहले इजराइली सेना (Israel Defense Forces) के प्रवक्ता Effie Defrin ने बताया था कि सेना ने ईरान के कोम शहर में एक इमारत को निशाना बनाया था। यह इमारत Assembly of Experts की बैठकों के लिए इस्तेमाल होती है। इसी समिति के 88 सदस्य ईरान के सुप्रीम लीडर का चुनाव करते हैं।
बताया जा रहा है कि इस हमले में असेंबली के कई सदस्य मारे गए थे।
मोजतबा खामेनेई को उनके पिता Ali Khamenei की मौत के बाद नया सुप्रीम लीडर चुना गया था। अली खामेनेई की मौत भी हाल ही में United States के हमले में हुई थी, जब उनके दफ्तर को टॉमहॉक मिसाइल से निशाना बनाया गया था।फिलहाल मिडिल ईस्ट में जंग के हालात लगातार गंभीर होते जा रहे हैं और United States, Israel और Iran के बीच तनाव तेजी से बढ़ रहा है।
वहीं ईरान के उप स्वास्थ्य मंत्री Ali Jafarian के मुताबिक पिछले 9 दिनों में युद्ध के दौरान 1,255 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि 12 हजार से ज्यादा लोग घायल हुए हैं। मृतकों में महिलाएं और बच्चे भी शामिल हैं।
इस बीच युद्ध के कारण अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतें भी तेजी से बढ़ गई हैं और यह 116 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच गई हैं।