कनाडा सरकार ने देश की इमिग्रेशन व्यवस्था को दुरुस्त करने और लंबित मामलों के बोझ को कम करने के लिए एक बड़ा विधायी कदम उठाया है। इमिग्रेशन, रिफ्यूजीज एंड सिटीजनशिप कनाडा (IRCC) ने बिल C-12 (स्ट्रेंथनिंग कनाडा इमिग्रेशन सिस्टम एंड बॉर्डर्स एक्ट) को पास कर 6 नए कड़े नियम लागू कर दिए हैं। कनाडा की इमिग्रेशन मिनिस्टर लीना मेटलेज डियाब के अनुसार, इन बदलावों का मुख्य उद्देश्य एडमिनिस्ट्रेटिव देरी को समाप्त करना और केवल वास्तविक जरूरतमंदों को समय पर सुरक्षा प्रदान करना है।
सरकार का मानना है कि पुराने लचीले नियमों के कारण इमिग्रेशन एंड रिफ्यूजी बोर्ड (IRB) के पास पेंडिंग आवेदनों का अंबार लग गया था, जिससे सही दावेदारों को भी लंबा इंतजार करना पड़ता था। हालांकि, मानवाधिकारों को ध्यान में रखते हुए सरकार ने प्री-रिमूवल रिस्क असेसमेंट (PRRA) का सुरक्षा विकल्प बरकरार रखा है, ताकि किसी भी व्यक्ति को ऐसे देश वापस न भेजा जाए जहां उसकी जान को खतरा हो।
कनाडा सरकार द्वारा लागू किए गए 6 प्रमुख बदलाव इस प्रकार हैं:
- शरणार्थी दावे के लिए एक साल की अधिकतम सीमा
अब कोई भी विदेशी नागरिक कनाडा आने के अधिकतम एक साल के भीतर ही शरण (Asylum Claim) के लिए आवेदन कर सकता है। यदि कोई व्यक्ति एक साल की समय-सीमा बीतने के बाद दावा करता है, तो उसका मामला IRB को नहीं भेजा जाएगा और उसे अयोग्य घोषित कर दिया जाएगा।
- अवैध रूप से सीमा पार करने वालों पर सख्त पहरा (14 दिनों की मोहलत)
यदि कोई व्यक्ति आधिकारिक चेकपोस्ट (Ports of Entry) के अलावा किसी अन्य रास्ते या चोर-रास्ते से अमेरिका-कनाडा सीमा पार कर देश में प्रवेश करता है, तो उसके लिए आगमन के 14 दिनों के भीतर शरण का दावा करना अनिवार्य होगा। 14 दिनों के बाद किए गए ऐसे किसी भी दावे पर कोई विचार नहीं किया जाएगा।
- ऑनलाइन आवेदन और आधुनिकीकरण
शरणार्थी प्रणाली को तेज और पारदर्शी बनाने के लिए अब ऑनलाइन आवेदन को ही प्राथमिकता दी जाएगी। इमिग्रेशन विभाग केवल उन्हीं आवेदनों को आगे बढ़ाएगा जो पूरी तरह से दस्तावेजों के साथ ‘शेड्यूल-रेडी’ (तैयार) होंगे, ताकि कागजी कमियों के कारण होने वाली देरी को रोका जा सके।
- डेटा साझा करने का कानूनी अधिकार
सिस्टम में पारदर्शिता लाने और सुरक्षा पुख्ता करने के लिए IRCC के पास अब यह कानूनी अधिकार होगा कि वह शरणार्थियों और आवेदकों से जुड़ी व्यक्तिगत व पहचान संबंधी जानकारी अन्य प्रांतीय (Provincial) और संघीय (Federal) सरकारी विभागों के साथ साझा कर सके।
- वीजा और परमिट में बदलाव के व्यापक अधिकार
जनहित, राष्ट्रीय सुरक्षा या धोखाधड़ी को रोकने के लिए अब सरकार के पास किसी भी वीजा, वर्क परमिट या स्टडी परमिट जैसे दस्तावेजों को रद्द, निलंबित या संशोधित करने की व्यापक शक्तियां होंगी। हालांकि, ऐसा कोई भी बड़ा नीतिगत निर्णय लेने से पहले सरकार को संसद को सूचित करना होगा।
- देश निकाला (Deportation) से पहले रिस्क असेसमेंट
जो लोग नई समय-सीमा या नियमों के कारण शरण पाने के अयोग्य ठहराए जाएंगे, उन्हें सीधे डिपोर्ट करने के बजाय प्री-रिमूवल रिस्क असेसमेंट (PRRA) की प्रक्रिया से गुजरना होगा। यह कानूनी सुरक्षा कवच यह सुनिश्चित करेगा कि किसी भी व्यक्ति को उसकी इच्छा के विरुद्ध ऐसे स्थान पर न भेजा जाए, जहां उसे उत्पीड़न, प्रताड़ना या जान का जोखिम हो।